ग्रामोद्योग विकास योजना अंतर्गत 580 हितग्राहियों को बांटे गए टूलकिट गोविंदपुर के खेल मैदान में जुटे प्रदेशभर के हितग्राही

ग्रामोद्योग विकास योजना अंतर्गत 580 हितग्राहियों को बांटे गए टूलकिट गोविंदपुर के खेल मैदान में जुटे प्रदेशभर के हितग्राही
खादी वस्त्र ही नहीं, विचारधारा भी है-  मनोज कुमार 
ग्रामोद्योग विकास योजना अंतर्गत 580 हितग्राहियों को बांटे गए टूलकिट
गोविंदपुर के खेल मैदान में जुटे प्रदेशभर के हितग्राही

खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय भारत सरकार के अधीन कार्यरत विभाग के अध्यक्ष  मनोज कुमार आज कांकेर के गोविंदपुर स्थित खेल मैदान पहुंचे जहां पर उन्होंने ग्रामोद्योग विकास योजना अंतर्गत प्रदेशभर से आए 580 हितग्राहियों को विभिन्न गतिविधियों जैसे-कुम्हारी, दोना-पत्तल निर्माण, फुटवियर निर्माण, मधुमक्खी पालन, इमली प्रसंस्करण, प्लंबर जैसी विभिन्न सृजनात्मक कार्यों से संबंधित मशीनों एवं टूलकिट का वितरण किया। इस अवसर पर हितग्राहियों को संबोधित करते हुए अध्यक्ष  मनोज कुमार ने कहा कि खादी वस्त्र ही नहीं, यह एक विचारधारा भी है। 
आज दोपहर गोविंदपुर के खेल मैदान में आयोजित टूलकिट वितरण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी हर हाथों को हुनर दिलाने, उन्हें कुशल बनाने के उद्देश्य से ग्रामीण विकास और उत्थान पर सतत कार्य कर रहे हैं। उनके विजन-2047 में भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प तभी पूरा हो सकता है, जब प्रत्येक व्यक्ति हर दृष्टिकोण से आत्मनिर्भर बनें। अध्यक्ष श्री कुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री की मंशा को पूर्ण करने प्रदेश की साय सरकार लगातार कार्य कर रही है। प्रदेश सशक्त होगा तो देश भी सशक्त होगा और इसमें खादी ग्रामोद्योग विभाग सहित प्रत्येक नागरिक की भूमिका होनी चाहिए। उन्होंने स्वदेशी उत्पाद अपनाने पर जोर देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री द्वारा ग्रामोत्थान की संकल्पना इस बात से पता चलता है कि विभाग द्वारा 90 प्रतिशत तक की अनुदान राशि का प्रावधान किया गया है। श्री मनोज कुमार ने सभी हितग्राहियों को अपनी शुभकामनाएं देते हुए कौशल उन्नयन के लिए प्रशिक्षण प्राप्त करने, आधुनिक टूलकिट का सदुपयोग करने और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की बात कही।
इसके पहले छत्तीसगढ़ खादी एवं ग्रामोद्योग के अध्यक्ष श्री राकेश पाण्डेय ने अपने उद्बोधन में कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी देश को दशा और दिशा देने की शुरूआत ग्राम विकास से कर रहे हैं। छत्तीसगढ़ सहित जम्मू-कश्मीर, गुजरात, मणिपुर, सिक्किम, असम सहित दक्षिण भारत के अनेक राज्यों में खादी ग्रामोद्योग एवं कुटीर उद्योगों के विकास के लिए केन्द्र शासन द्वारा सृजनात्मक गतिविधियां एवं योजनाएं संचालित की जा रही हैं। कार्यक्रम के अंत में अध्यक्ष श्री कुमार एवं प्रदेश के अध्यक्ष श्री पाण्डेय ने मंच से स्व-सहायता समूहों के सदस्यों को प्रतीकात्मक रूप से टूलकिट एवं मशीनों का वितरण किया। इस अवसर पर विभाग के श्री यशपाल, डॉ. कुलदीप वर्मा सहित अधिकारी-कर्मचारीकण उपस्थित थे।
क्रमांक/300/सिन्हा

कांकेर, भानुप्रतापपुर का ‘मावा मोदोल’ बना सफलता की मिसाल, 20 छात्रों ने सीजीपीएससी प्री परीक्षा में हासिल की कामयाबी
कलेक्टर और जिला सीईओ ने दी शुभकामनाएं

उत्तर बस्तर कांकेर, 26 मार्च 2026/ जिला प्रशासन द्वारा संचालित अभिनव पहल ’मावा मोदोल’ (मेरा मूल मेरा भविष्य) निःशुल्क कोचिंग ने एक बार फिर अपनी प्रभावशीलता सिद्ध करते हुए उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। यहां अध्ययनरत विद्यार्थियों ने सीजी पीएससी की प्रारंभिक परीक्षा 2025 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 20 छात्र-छात्राओं ने सफलता प्राप्त की है, जो जिले के लिए गर्व और प्रेरणा का विषय बन गया है। कलेक्टर  निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर की विशेष पहल पर दूरस्थ एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों को उच्च स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण कोचिंग सुविधा प्रदान की जा रही है।
जिला मुख्यालय कांकेर एवं विकासखंड मुख्यालय भानुप्रतापपुर में संचालित इस कोचिंग में पिछले एक वर्ष से विद्यार्थी नियमित अध्ययन कर रहे थे। अब इसके सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं। मावा मोदोल की भानुप्रतापपुर शाखा से 12 छात्र-छात्राओं तथा कांकेर शाखा से 08 छात्र-छात्राओं ने प्रारंभिक परीक्षा में कामयाबी हासिल की है। इनमें भानुप्रतापपुर शाखा से उत्तीर्ण विद्यार्थियों में श्रीमती शिल्पा नुरेटी, कु. छबिलता देहारी, भावेश करंगा, रामगुलाल, कु. रजोतिन, राहुल ठाकुर, डेनियल वर्मा, गजेंद्र सोनवानी, लोचन प्रसाद देवांगन, कु. नेहा कोरेटी, दीप मल्लिका चुरेंद्र एवं कमल राम ठाकुर (नायब तहसीलदार) शामिल हैं। वहीं, कांकेर शाखा से उत्तीर्ण विद्यार्थियों में सुभाष नेताम, वीरेंद्र टंडन, प्रतिभा कुंजाम, प्राची वासनीकर, तुषार शेंडे (टेस्ट सीरीज लाभार्थी), दिलीप कुमार मार्कण्डेय, नीरज कुमार साहू एवं विक्रांत शामिल हैं।
इन सभी विद्यार्थियों की पृष्ठभूमि आर्थिक रूप से कमजोर होने तथा सीमित संसाधनों के बावजूद अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत की। संस्था द्वारा उपलब्ध कराए गए मार्गदर्शन, अध्ययन सामग्री और अनुकूल वातावरण ने उनके आत्मविश्वास को बढ़ाया और सफलता की राह आसान की। कलेक्टर श्री क्षीरसागर ने इस उपलब्धि पर सभी सफल विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि यह सफलता छात्रों की मेहनत, शिक्षकों के मार्गदर्शन और प्रशासन की प्रतिबद्धता का संयुक्त परिणाम है। उन्होंने कहा कि जिले के दूरस्थ क्षेत्रों में छिपी प्रतिभाओं को आगे लाने के लिए ऐसे प्रयास निरंतर जारी रहेंगे। जिला पंचायत के सीईओ श्री हरेश मण्डावी ने छात्रों की उपलब्धियों पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विद्यार्थियों के लिए मुख्य परीक्षा की तैयारी हेतु विशेष कार्ययोजना तैयार की गई है। साथ ही विषय विशेषज्ञों की सहायता से विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश शिक्षा विभाग के अधिकारियों को दिए हैं।